मुंबई: साल 1994। हॉलीवुड ने 'फॉरेस्ट गंप' और 'पल्प फिक्शन' जैसी फिल्में दीं, लेकिन एक फिल्म थी जो बॉक्स ऑफिस पर तो असफल रही, लेकिन आज वह IMDb की दुनिया में नंबर वन पर बैठी है – 'द शशांक रिडेम्पशन' (The Shawshank Redemption)।
जहां दूसरे कैदी दीवारों के अभ्यस्त हो जाते हैं (जिसे फिल्म 'इंस्टीट्यूशनलाइज्ड' कहती है), वहीं एंडी का दिमाग हमेशा आज़ाद रहता है। वह जेल के पुस्तकालय को सुधारता है, गार्डों के लिए टैक्स भरता है, और सालों साल धैर्य रखता है। एंडी की कोठरी में लगा रीटा हेवर्थ का पोस्टर सिर्फ एक एक्ट्रेस की तस्वीर नहीं है। यह आज़ादी का प्रतीक है। क्या आप जानते हैं? एंडी 19 साल तक एक छोटा सा हथौड़ा चलाकर दीवार में सुरंग बनाता रहता है – एक ऐसा हथौड़ा जिसे रेड ने एक बार कहा था, "इससे किसी को निकलने में 600 साल लगेंगे।" the shawshank redemption in hindi
यही एंडी और हम सबके बीच का फर्क है – इंसान वही कर सकता है, जिसकी उसे गहरी लगन हो। हिंदी दर्शक इसे क्यों पसंद करेंगे? क्योंकि यह 'अग्निपथ' या 'गैंग्स ऑफ वासेपुर' की तरह बदला लेने की कहानी नहीं है। यह 'बैंड ऑफ ब्रदर्स' और 'रंग दे बसंती' के उस कोण से मिलती है, जहां सिस्टम से लड़ने के लिए बुद्धि, धैर्य और सबसे बड़ी चीज – विश्वास चाहिए। जो एक सफल बैंकर है
एंडी का बेस्ट दोस्त रेड भी बदलता है। जब वह पैरोल पर बाहर आता है, तो वह वही गलती करने वाला होता है जो बूढ़ा ब्रूक्स कर चुका होता है (आत्महत्या), लेकिन एंडी की दी हुई उम्मीद – "याद रखो, उम्मीद एक अच्छी चीज है" – उसे बचा लेती है। यदि आप कभी जीवन में फंसे हुए महसूस करें, अगर आपको लगे कि आपकी कोई गलती नहीं है फिर भी आप सजा भुगत रहे हैं, तो 'शशांक' देखिए। the shawshank redemption in hindi
यह सिर्फ एक जेल ड्रामा नहीं है। यह इंसानी रूह का वह नक्शा है, जहां अंधेरे के बीच भी उम्मीद की लौ जलती रहती है। आइए, इस क्लासिक को हिंदी नजरिए से समझते हैं। फिल्म की शुरुआत एंडी डुफ्रेसन (टिम रॉबिंस) से होती है, जो एक सफल बैंकर है, लेकिन गलत तरीके से अपनी पत्नी की हत्या के आरोप में उम्रकैद की सजा पाता है। उसे भेजा जाता है शशांक जेल – जो अपनी सजा की क्रूरता के लिए बदनाम है।